जयपुर में अजमेर-किशनगढ़ एक्सप्रेस-वे से जुड़े रिंग रोड दक्षिण पर बनाया जा रहा क्लोवर लीफ का काम लगभग पूरा हो गया है। नेशनल हाइवे ऑथोरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने इस क्लोवर लीफ के लिए बनाए दो फ्लाइओवर पर लोड टेस्टिंग का काम शुरू कर दिया है।
इन फ्लाइओवर पर 40-40 टन से ज्यादा वजन के अलग-अलग जगह 4 डम्पर खड़े किए है। संभावना है कि ये लोड टेस्ट कुछ दिन तक चलेगा, जिसके बाद ट्रैफिक के लिए खोला जाएगा।

200 करोड़ रुपए से ज्यादा की लागत से बन रहा क्लोवर लीफ
200 करोड़ रुपए से ज्यादा की लागत से बन रहे इस क्लोवर लीफ के शुरू होने के बाद अजमेर की तरफ से आने वाले ट्रैफिक को टोंक रोड और आगरा रोड की तरफ जाने वाले ट्रैफिक को (रिंग रोड पर चढ़ने के लिए) भांकरोटा पुलिया के नीचे से घुमकर नहीं आना पड़ेगा।
ट्रैफिक इस क्लोवर लीफ पर बने फ्लाइओवर से चढ़कर रिंग रोड पर चला जाएगा।
इसी तरह रिंग रोड से आने वाले ट्रैफिक जिसे भांकरोटा, 200 फीट पुलिया होते हुए सीकर बाइपास जाना है, तो उसे इसका फायदा होगा। ट्रक, कार चालक को इसके लिए महापुरा पुलिया के नीचे से घूमकर नहीं आना पड़ेगा।

भांकरोटा अग्निकांड के बाद शुरू हुआ था काम
इस क्लोवर लीफ का काम पिछले साल दिसंबर में भांकरोटा के पास हुए बड़े रोड एक्सीडेंट के बाद शुरू किया गया। इस एक्सीडेंट में एक एलपीजी से भरा टैंकर फट गया था, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों की मौत हो गई थी और कई मीटर दूर तक खड़ी गाड़ियां और अन्य चीजें जल गई थी। ये एक्सीडेंट भांकरोटा में बने कट पर हुआ था।

सितंबर तक करना था शुरू
इस क्लोवर लीफ का काम NHAI को इसी साल सितंबर तक पूरा करना था। लेकिन काम में देरी के कारण इसकी मियाद को तीन माह के लिए और बढ़ाया गया है। एनएचएआई अधिकारियों का कहना है कि इस क्लोवर लीफ पर ट्रैफिक का संचालन इस माह के अंत या दिसंबर से शुरू कर दिया जाएगा।






